
किसान भाइयों और बहनों बिहार सरकार द्वारा समय-समय पर चलाई जाने वाली कृषि योजनाएँ हमेशा से किसानों को प्राकृतिक आपदाओं से हुए नुकसान से उबारने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती रही हैं। खेती-किसानी एक ऐसा क्षेत्र है जो पूरी तरह मौसम पर निर्भर करता है। बारिश की अधिकता, ओलावृष्टि, बाढ़ या अचानक आए आंधी-तूफान जैसी प्राकृतिक घटनाएँ किसानों की मेहनत को पल भर में नष्ट कर सकती हैं। इन्हीं परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए राज्य सरकार ने कृषि इनपुट अनुदान 2025 के तहत किसानों को राहत प्रदान करने का निर्णय लिया है।
पिछले दिनों अक्टूबर 2025 में बिहार के कई जिलों में हुई अतिवृष्टि और तेज तूफान के कारण हजारों किसानों की फसलें गंभीर रूप से प्रभावित हुईं। खेतों में लगी धान, मक्के, दालें, सब्ज़ियाँ और गन्ना जैसी फसलें बर्बाद हो गईं जिससे किसानों पर आर्थिक संकट खड़ा हो गया। ऐसे हालात में यह योजना प्रभावित किसानों के लिए बड़ी राहत लेकर आई है क्योंकि इसके तहत सरकार सीधे किसानों के बैंक खाते में अनुदान राशि उपलब्ध कराने जा रही है।
इस योजना का उद्देश्य सिर्फ आर्थिक मदद प्रदान करना ही नहीं है बल्कि किसानों को दोबारा खेती शुरू करने के लिए प्रोत्साहित करना भी है। अनुदान राशि का निर्धारण फसल के प्रकार, जमीन की सिंचाई स्थिति और क्षति प्रतिशत के आधार पर किया गया है। इसके साथ ही आवेदन प्रक्रिया को पूरी तरह ऑनलाइन किया गया है ताकि किसान आसानी से घर बैठे इसका लाभ ले सकें। यदि आप भी उन जिलों और पंचायतों में से किसी एक से आते हैं जो इस योजना में शामिल हैं तो यह आपके लिए एक बेहद महत्वपूर्ण अवसर है। इस लेख में आगे आप पूरी जानकारी विस्तार से जानेंगे पात्रता, लाभ, आवेदन प्रक्रिया और आवश्यक दस्तावेज all one place.
Bihar Krishi input Anudan 2025 : Overviews
| लेख का नाम | Bihar Krishi input Anudan 2025 |
| लेख का प्रकार | Sarkari Yojana |
| किसके द्वारा शुरू की गई | बिहार सरकार द्वारा |
| लाभ | 8 हजार 500 रुपए से लेकर 22 हजार 500 रुपए तक |
| आवेदन प्रक्रिया | ऑनलाइन |
| आधिकारिक वेबसाइट | dbtagriculture.bihar.gov.in |
Bihar Krishi input Anudan 2025 अतिवृष्टि व तूफान से हुई क्षति
अक्टूबर 2025 का महीना बिहार के हजारों किसानों के लिए बेहद चुनौतीपूर्ण साबित हुआ। इस अवधि में राज्य के कई जिलों में सामान्य से कई गुना अधिक वर्षा दर्ज की गई जिसके कारण खेतों में खड़ी फसलें भारी मात्रा में प्रभावित हुईं। लगातार हुई अतिवृष्टि ने जहाँ खेतों को जलमग्न कर दिया, वहीं अचानक आए तेज आंधी और तूफान ने कई किसानों की मेहनत को पल भर में मिट्टी में मिला दिया। धान, मक्का, दालें, सब्ज़ियाँ और गन्ना जैसी प्रमुख फसलें या तो गिर पड़ीं सड़ गईं या पूरी तरह नष्ट हो गईं।
राज्य सरकार द्वारा किए गए सर्वेक्षण में 12 जिलों के 39 प्रखंडों के 397 पंचायतों में व्यापक क्षति की पुष्टि हुई है। कई स्थानों पर पानी लंबे समय तक खेतों में भरा रहने से फसलें कटाई योग्य भी नहीं बचीं। इससे किसानों की आय पर गंभीर असर पड़ा और अगली बुवाई के लिए आवश्यक निवेश भी प्रभावित हो गया।
इन्हीं परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए सरकार ने इन क्षेत्रों को आधिकारिक रूप से आपदा-प्रभावित घोषित करते हुए किसानों को कृषि इनपुट अनुदान प्रदान करने का निर्णय लिया है। इस सहायता का उद्देश्य किसानों को दोबारा खेती के लिए तैयार करना, बीज-खाद जैसी मूल आवश्यकताओं की पूर्ति करना और आर्थिक नुकसान की आंशिक भरपाई करना है जिससे उनकी कृषि गतिविधियाँ सामान्य हो सकें।
Bihar Krishi input Anudan 2025 पात्र किसान
कृषि इनपुट अनुदान 2025 का लाभ केवल उन किसानों को दिया जाएगा जिनकी फसलें अक्टूबर 2025 में हुई अतिवृष्टि, बाढ़ या अचानक आए तूफान के कारण प्रभावित हुई हैं। सरकार द्वारा किए गए सर्वेक्षण में यह स्पष्ट किया गया है कि केवल वही किसान इस योजना के पात्र होंगे जिनकी फसल का नुकसान 33% या उससे अधिक दर्ज किया गया है। नुकसान का आकलन पंचायत और प्रखंड स्तर पर बनी टीमों द्वारा किया गया है जिससे जानकारी पूरी तरह प्रमाणित और विश्वसनीय हो।
इस योजना में ऐसे सभी किसान शामिल हैं जो असिंचित या सिंचित किसी भी प्रकार की भूमि पर खेती करते हैं। चाहे किसान छोटी या सीमांत भूमि पर खेती कर रहे हों या बड़ी भूमि के मालिक हों यदि उनकी फसलें प्राकृतिक आपदा से नष्ट हुई हैं, तो वे इस सहायता के योग्य हैं। इसके अतिरिक्त, जिन किसानों की गन्ना, धान, सब्ज़ियाँ या अन्य मौसमी फसलें नुकसानग्रस्त हुई हैं, वे भी समान रूप से पात्र माने जाएंगे।
किसानों के लिए एक महत्वपूर्ण शर्त यह है कि उनका किसान पंजीकरण कृषि विभाग की पोर्टल पर होना चाहिए। बिना पंजीकरण वाले किसान आवेदन नहीं कर पाएंगे। इसलिए यह आवश्यक है कि आवेदन करने से पहले किसान अपने पंजीकरण नंबर की पुष्टि अवश्य करें। पात्रता सुनिश्चित होने के बाद किसान ऑनलाइन आवेदन कर आसानी से इस योजना का लाभ प्राप्त कर सकते हैं।
Read More….
- Indian Coast Guard Civilian Recruitment 2025: इंडियन कोस्ट गार्ड में नई वैकेंसी – 10वीं–12वीं पास के लिए सुनहरा मौका
- BSEB Matric Dummy Admit Card 2026 – डाउनलोड करें बिहार बोर्ड मैट्रिक डमी एडमिट कार्ड
- LNMU UG 4th Semester Exam Form 2023-27 Best Link फॉर्म भरने की तिथि, शुल्क, दस्तावेज़, परीक्षा तारीख और पूरी प्रक्रिया
- RRB Group D Admit Card 2025: City Slip [Out], Hall ticket @rrb.digialm.com
Bihar Krishi input Anudan 2025 आवश्यक दस्तावेज़ (Documents)
कृषि इनपुट अनुदान 2025 के लिए आवेदन करते समय किसानों को कुछ अनिवार्य दस्तावेज़ों की आवश्यकता होती है ताकि उनका डेटा सही ढंग से सत्यापित किया जा सके और अनुदान राशि बिना किसी बाधा के उनके बैंक खाते तक पहुँच सके। सरकार ने दस्तावेज़ प्रक्रिया को सरल रखा है ताकि अधिक से अधिक प्रभावित किसान आसानी से आवेदन कर सकें।
सबसे पहले किसानों के पास किसान पंजीकरण संख्या होना आवश्यक है क्योंकि इसी नंबर के आधार पर सिस्टम यह सत्यापित करता है कि किसान पहले से कृषि विभाग की सूची में पंजीकृत है या नहीं। इसके साथ ही आधार कार्ड पहचान प्रमाण के रूप में अनिवार्य है। आवेदन में दिए गए विवरण और आधार कार्ड पर मौजूद जानकारी का मेल होना भी जरूरी है।
इसके अलावा, लाभ सीधे बैंक खाते में भेजा जाएगा, इसलिए बैंक पासबुक की स्कैन कॉपी या स्पष्ट फोटो भी आवश्यक है। इससे बैंक खाता संख्या, IFSC कोड और खाता धारक का नाम सुनिश्चित किया जा सकेगा। किसानों को अपनी भूमि संबंधी दस्तावेज़ भी तैयार रखने चाहिए, जिसमें रसीद, किरायानामा (अगर भूमिहीन किसान हैं) या अन्य वैध प्रमाण शामिल हो सकते हैं।
अंत में संबंधित पंचायत या प्रखंड द्वारा जारी फसल क्षति प्रमाण (Damage Report) भी आवश्यक है क्योंकि इसी रिपोर्ट के आधार पर नुकसान का प्रतिशत निर्धारित किया जाता है। सभी दस्तावेज़ साफ, स्पष्ट और मान्य होने चाहिए, ताकि आवेदन जल्द स्वीकृत हो सके।

Bihar Krishi input Anudan 2025 जिलों की सूची
कृषि इनपुट अनुदान 2025 के अंतर्गत बिहार सरकार ने उन जिलों की पहचान की है, जहाँ अक्टूबर 2025 में हुई अतिवृष्टि, बाढ़ और तेज आंधी-तूफान के कारण किसानों की फसलें गंभीर रूप से प्रभावित हुईं। राज्य सरकार और कृषि विभाग द्वारा किए गए विस्तृत सर्वेक्षण के आधार पर कुल 12 जिले इस योजना में शामिल किए गए हैं। इन जिलों के कई प्रखंडों और पंचायतों में फसल क्षति 33% से अधिक पाई गई है जिसके बाद इन क्षेत्रों को राहत योजना लाभार्थी सूची में स्थान दिया गया है।
इस योजना से लाभान्वित होने वाले जिले निम्नलिखित हैं:
बेगूसराय, पूर्वी चंपारण, कैमूर, मधुबनी, किशनगंज, गया, भोजपुर, मधेपुरा, दरभंगा, मुजफ्फरपुर, शिवहर और सुपौल।
इन जिलों के अंतर्गत आने वाले 39 प्रखंडों के कुल 397 पंचायत गंभीर रूप से फसल क्षति से प्रभावित माने गए हैं। यदि आप इन जिलों में से किसी एक जिले या सूचीबद्ध पंचायत से आते हैं तो आप इस योजना के लिए पूरी तरह पात्र हो सकते हैं।
किसानों को सलाह दी जाती है कि वे आवेदन करने से पहले अपने पंचायत की सूची अवश्य जाँच लें ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि उनका क्षेत्र आधिकारिक रूप से चिन्हित पंचायतों में शामिल है। पंचायत-वार सूची कृषि विभाग की वेबसाइट पर उपलब्ध है जहाँ से किसान आसानी से अपने क्षेत्र की पुष्टि कर सकते हैं और आगे की आवेदन प्रक्रिया शुरू कर सकते हैं।
Bihar Krishi input Anudan 2025 ऐसे करें ऑनलाइन आवेदन
कृषि इनपुट अनुदान 2025 के लिए आवेदन प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन रखी गई है ताकि किसान घर बैठे अपने मोबाइल या कंप्यूटर से आसानी से आवेदन कर सकें। नीचे दिए गए स्टेप्स को ध्यान से समझें और उसी क्रम में प्रक्रिया पूरी करें। इससे आपका आवेदन बिना किसी परेशानी के सफलतापूर्वक सबमिट हो जाएगा।

1. कृषि विभाग की ऑफिशियल वेबसाइट पर जाएँ
सबसे पहले इंटरनेट ब्राउज़र में कृषि विभाग बिहार या Krishi Input Anudan 2025 सर्च करें। इसके बाद आपको कृषि विभाग की ऑफिशियल वेबसाइट का लिंक दिखाई देगा। ध्यान रखें कि आवेदन केवल इसी सरकारी पोर्टल से होगा।
2. कृषि इनपुट अनुदान 2025 पर क्लिक करें
वेबसाइट खुलने के बाद आपको होमपेज पर कई विकल्प मिलेंगे। यहाँ पर कृषि इनपुट अनुदान 2025 या उससे संबंधित लिंक पर क्लिक करें। क्लिक करते ही आवेदन पोर्टल का नया पेज खुल जाएगा।
3. किसान पंजीकरण संख्या दर्ज करें
अब आपके सामने आवेदन का फॉर्म दिखाई देगा। सबसे पहले आपको अपनी किसान पंजीकरण संख्या डालनी होगी। यह नंबर आपके पिछले पंजीकरण के समय मिला था। यदि नंबर सही दर्ज किया गया है तो सिस्टम अपने आप आपके नाम, पिता का नाम, आधार और अन्य जानकारी दिखा देगा।
4. पंचायत सूची में अपना गांव/पंचायत चेक करें
यदि आप सुनिश्चित नहीं हैं कि आपका पंचायत इस योजना में शामिल है या नहीं तो पंचायत सूची देखें वाले लिंक पर क्लिक करें। यहाँ जिला-वार पूरी सूची दी गई होती है। यदि आपकी पंचायत सूची में ह तभी आगे बढ़ें।
5. फसल क्षति की जानकारी भरें
अब फॉर्म में आपको अपनी फसल, भूमि प्रकार (सिंचित/असिंचित), और अनुमानित फसल क्षति का प्रतिशत भरना होगा। ध्यान रखें कि केवल वही किसान पात्र हैं जिनकी फसल का नुकसान 33% से अधिक हुआ है।
6. आवश्यक दस्तावेज अपलोड करें
फॉर्म में आपको निम्न दस्तावेजों की साफ फोटो/स्कैन कॉपी अपलोड करनी होगी:
- आधार कार्ड
- बैंक पासबुक
- किसान पंजीकरण
- भूमि से संबंधित कागजात
- पंचायत/प्रखंड स्तर का क्षति प्रमाण
7. बैंक विवरण की पुष्टि करें
सभी जानकारी भरने के बाद अपने बैंक खाता नंबर और IFSC कोड को दोबारा जाँचें ताकि अनुदान राशि सही खाते में जाए।
8. फॉर्म सबमिट करें और रसीद डाउनलोड करें
अंत में सबमिट बटन पर क्लिक करें। सबमिट होने के बाद आपको एक एप्लिकेशन रसीद मिलेगी। इसे डाउनलोड कर सुरक्षित रखें। भविष्य में किसी भी स्थिति में यह उपयोगी साबित होगी।
9. स्टेटस चेक करते रहें
आवेदन के बाद किसान पोर्टल पर जाकर समय-समय पर अपने आवेदन की स्थिति (Status) चेक कर सकते हैं।
Bihar Krishi Input Anudan 2025 Online Apply : Important Links
| For Online Apply | Click Here |
| Check Official Notification | Click Here |
| Home Page | Target Job HUB.com |
| Official Website | Click Here |
निष्कर्ष
कृषि इनपुट अनुदान 2025 उन किसानों के लिए एक महत्वपूर्ण राहत योजना है जिनकी फसलें अक्टूबर 2025 में हुई अतिवृष्टि, बाढ़ और तेज तूफान के कारण गंभीर रूप से प्रभावित हुई थीं। सरकार द्वारा चलाया गया यह प्रयास न केवल किसानों को तत्काल आर्थिक मदद प्रदान करता है, बल्कि उन्हें दोबारा खेती शुरू करने के लिए प्रोत्साहन भी देता है। योजना में शामिल 12 जिलों के किसानों के लिए यह अवसर बेहद मूल्यवान है, क्योंकि अनुदान राशि सीधे उनके बैंक खातों में भेजी जाएगी, जिससे पारदर्शिता और सुविधा दोनों सुनिश्चित होती हैं।
ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया को सरल और उपयोगकर्ता-friendly बनाया गया है ताकि किसान बिना किसी परेशानी के घर बैठे आवेदन कर सकें। पात्रता की शर्तें स्पष्ट हैं फसल का नुकसान 33% से अधिक होना चाहिए और किसान पंजीकरण अनिवार्य है। आवश्यक दस्तावेज तैयार रखते ही किसान पूरे फॉर्म को सुचारू रूप से पूर्ण कर सकते हैं।
यदि आपका जिला या पंचायत सूची में आता है तो यह योजना आपके लिए एक महत्वपूर्ण अवसर है। समय सीमा से पहले आवेदन ज़रूर करें ताकि आप इस सरकारी सहायता का पूरा लाभ उठा सकें। खेती को दोबारा संवारने के लिए यह सहायता निश्चित रूप से उपयोगी सिद्ध होगी।
FAQ – अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
कृषि इनपुट अनुदान 2025 को लेकर किसानों के मन में कई सवाल होते हैं। नीचे सबसे अधिक पूछे जाने वाले प्रश्नों के स्पष्ट और आसान उत्तर दिए गए हैं ताकि हर किसान इस योजना को पूरी तरह समझ सके और समय पर आवेदन कर पाए।
1. कृषि इनपुट अनुदान 2025 क्या है?
यह एक सरकारी राहत योजना है जिसका उद्देश्य उन किसानों को आर्थिक सहायता प्रदान करना है जिनकी फसलें अक्टूबर 2025 में हुई अतिवृष्टि, बाढ़ या तेज तूफान की वजह से गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त हुई हैं। इस योजना के तहत किसानों को प्रति हेक्टेयर के हिसाब से सीधे बैंक खाते में अनुदान राशि दी जाती है।
2. इस योजना का लाभ किन-किन किसानों को मिलेगा?
लाभ केवल उन किसानों को मिलेगा जिनकी फसल का नुकसान 33% से अधिक हुआ है। नुकसान की पुष्टि पंचायत और प्रखंड स्तर पर बनाई गई सर्वेक्षण टीम द्वारा की गई है। यदि आपकी पंचायत सूची में शामिल है और आपका किसान पंजीकरण वैध है तो आप आवेदन करने के पात्र हैं।
3. कुल कितने जिले इस योजना में शामिल हैं?
सरकार ने बिहार के कुल 12 जिलों को इस योजना में शामिल किया है – बेगूसराय, पूर्वी चंपारण, कैमूर, मधुबनी, किशनगंज, गया, भोजपुर, मधेपुरा, दरभंगा, मुजफ्फरपुर, शिवहर और सुपौल।
4. किसानों को कितनी आर्थिक सहायता मिलेगी?
अनुदान राशि भूमि के प्रकार और फसल पर निर्भर करती है:
- असिंचित भूमि : ₹8,500 प्रति हेक्टेयर
- सिंचित भूमि : ₹17,000 प्रति हेक्टेयर
- गन्ना फसल : ₹2,500 प्रति हेक्टेयर
यह सहायता अधिकतम 2 हेक्टेयर भूमि के लिए दी जाएगी।
5. आवेदन करने के लिए जरूरी दस्तावेज क्या हैं?
किसानों को इन दस्तावेज़ों की आवश्यकता होगी:
- किसान पंजीकरण संख्या
- आधार कार्ड
- बैंक पासबुक
- भूमि संबंधित कागजात / किरायानामा
- पंचायत/प्रखंड द्वारा जारी फसल क्षति प्रमाण
सभी दस्तावेज़ स्पष्ट और पढ़ने योग्य होने चाहिए।
6. आवेदन कैसे करें?
किसानों को कृषि विभाग की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर “कृषि इनपुट अनुदान 2025” लिंक पर क्लिक करना होगा। फिर किसान पंजीकरण संख्या डालकर अपनी जानकारी सत्यापित करनी होगी। इसके बाद फॉर्म भरकर दस्तावेज़ अपलोड करें और आवेदन सबमिट कर दें। सबमिट होने के बाद एक रसीद डाउनलोड उपलब्ध होगी।
7. क्या आवेदन ऑफलाइन किया जा सकता है?
नहीं। यह योजना पूरी तरह डिजिटल है। आवेदन केवल ऑनलाइन माध्यम से ही स्वीकार किए जाते हैं। इससे पारदर्शिता बढ़ती है और प्रक्रिया तेज होती है।
8. आवेदन की अंतिम तिथि क्या है?
जिस भी किसान की पंचायत सूची में शामिल है वह निर्धारित अंतिम तिथि से पहले आवेदन कर सकता है। आपके दिए हुए नोटिस के अनुसार अंतिम तारीख 2 दिसंबर 2025 है।
9. क्या किरायेदार किसान भी लाभ ले सकते हैं?
हाँ, किरायेदार किसान (बटाईदार) भी लाभ प्राप्त कर सकते हैं बशर्ते उनके पास भूमि उपयोग से संबंधित कोई वैध प्रमाण या पंचायत स्तर पर सत्यापन मौजूद हो।
10. सहायता राशि कब तक मिलेगी?
आवेदन की जांच पूरी होने और दस्तावेज़ सत्यापित होने के बाद राशि सीधे किसान के बैंक खाते में भेज दी जाएगी। यह प्रक्रिया कुछ सप्ताह तक चल सकती है।
11. आवेदन स्टेटस कैसे चेक करें?
किसान पोर्टल पर जाकर Application Status विकल्प पर क्लिक करें और अपना पंजीकरण नंबर दर्ज करें। स्टेटस तुरंत स्क्रीन पर दिखाई देगा।
12. यदि कोई गलती हो जाए तो क्या सुधार किया जा सकता है?
हाँ, कई बार पोर्टल पर Correction विकल्प उपलब्ध होता है। यदि विकल्प न दिखे, तो किसान अपने प्रखंड कृषि कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं।